नोएडा। पेइंग गेस्ट हाउस ऑनर वेलफेयर एसोसिएशन (रजि.) ने नोएडा-ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण द्वारा पीजी आवासीय व्यवस्था को कमर्शियल गतिविधि मानकर नोटिस जारी किए जाने पर चिंता जताई है। एसोसिएशन के अध्यक्ष विशेष कुमार त्यागी ने शासन-प्रशासन से इस मामले में हस्तक्षेप कर समस्या के समाधान की मांग की है।
विशेष कुमार त्यागी ने कहा कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा में देश के विभिन्न राज्यों से आने वाले करीब दो लाख छात्र-छात्राएं पीजी व्यवस्था में रहकर विभिन्न शिक्षण संस्थानों में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। पीजी संचालक उन्हें आवास के साथ स्वच्छ एवं पौष्टिक भोजन की सुविधा भी उपलब्ध कराते हैं।
उन्होंने कहा कि पीजी व्यवस्था से लगभग 50 हजार लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार मिला हुआ है। इसमें खाना बनाने, कपड़े धोने, साफ-सफाई, भवन प्रबंधन और विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान जैसी सेवाएं शामिल हैं।
एसोसिएशन का कहना है कि प्राधिकरण द्वारा पीजी व्यवस्था को वाणिज्यिक गतिविधि मानकर लगातार नोटिस जारी किए जाने से संचालकों के साथ-साथ विद्यार्थियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है और उनकी पढ़ाई प्रभावित होने की आशंका रहती है।
अध्यक्ष विशेष कुमार त्यागी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और शासन-प्रशासन से मांग की है कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए पीजी आवास व्यवस्था के लिए एक सरल, स्पष्ट और व्यावहारिक गाइडलाइन बनाई जानी चाहिए, जिससे संचालकों और विद्यार्थियों दोनों की समस्याओं का समाधान हो सके।