बाराबंकी।
कांग्रेस पार्टी ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को कमजोर किए जाने का आरोप लगाते हुए राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भेजा। यह ज्ञापन जिला कांग्रेस अध्यक्ष मो. मोहसिन के नेतृत्व में सौंपा गया।
ज्ञापन में कहा गया है कि मनरेगा गरीबों, मजदूरों और ग्रामीण परिवारों के लिए रोजगार की गारंटी देने वाली एक महत्वपूर्ण योजना है, लेकिन वर्तमान नीतियों के कारण इसकी मूल भावना प्रभावित हो रही है। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि योजना के बजट में कटौती, काम के दिनों में कमी और मजदूरी भुगतान में देरी से ग्रामीण तबका सबसे अधिक परेशान है।
कांग्रेस का कहना है कि मनरेगा का नाम राष्ट्रपिता महात्मा गांधी से जुड़ा हुआ है और इस योजना को कमजोर करना गांधीजी के विचारों और सम्मान के विरुद्ध है। पार्टी ने मांग की है कि मनरेगा को और अधिक मजबूत किया जाए, पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया जाए, रोजगार के दिनों में वृद्धि की जाए तथा मजदूरों को समय पर मजदूरी का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की तो पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को मजबूर होगी।
