

, गोंडा।राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर तरबगंज विधानसभा क्षेत्र में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन ऐतिहासिक और प्रेरणादायी रहा। इस महासम्मेलन में विधानसभा क्षेत्र से पाँच हजार से अधिक सनातनी हिंदुओं ने सहभाग कर समाज की एकता, चेतना और स्वाभिमान का स्पष्ट संदेश दिया।सम्मेलन को देश के सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता अश्वनी उपाध्याय ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सिद्धपीठ हनुमानगढ़ी, अयोध्या धाम के महंत महामंडलेश्वर ब्रह्मर्षि डॉ. स्वामी महेश योगी महाराज ने की। विशेष वक्ता के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संपर्क प्रमुख गंगा सिंह तथा कटरा कुट्टी धाम के महंत चिन्मयानंद महाराज सहित अनेक प्रखर सनातनी विचारकों ने अपने विचार रखे।वक्ताओं ने कहा कि संघ के सौ वर्ष केवल इतिहास नहीं, बल्कि भविष्य की दिशा तय करने का निर्णायक कालखंड हैं।
सम्मेलन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि हिंदू समाज अब न बिखरा है, न भ्रमित और न ही मौन, बल्कि संगठित होकर अपनी संस्कृति, पहचान और अधिकारों की रक्षा के लिए तत्पर है।सम्मेलन में हिंदुत्व को भारत की सनातन जीवन-दृष्टि, संस्कृति और राष्ट्र की आत्मा बताया गया। वक्ताओं ने एकता, स्वाभिमान और राष्ट्रहित को सर्वोपरि बताते हुए समाज से मतभेद त्यागकर संगठित होने का आह्वान किया।कार्यक्रम में उपस्थित हजारों लोगों ने एक स्वर में हिंदू एकता और राष्ट्र निर्माण के संकल्प को दोहराया।
आयोजन को सफल बनाने में क्षेत्र के सनातनी हिंदू समाज की सक्रिय भूमिका रही। कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने सम्मेलन में शामिल सभी सनातनी बंधुओं के प्रति आभार व्यक्त किया।